कृषि

सीहोर जिला कृषि जलवायु क्षेत्र विंध्य प्लेटू (सीहोर, आष्टा, इछावर, नसरूल्लागंज विकासखण्ड) एवं सेन्ट्रल नर्मदा वैली (बुदनी विकासखण्ड) के अंतर्गत आता है। जिले का कुल भौगोलिक क्षेत्रफल 6,56,368 हैक्टर है। कृषि योग्य रकबा लगभग 3.95 लाख हैक्टर है। सीहोर जिला उपोष्ण जलवायु के अन्तर्गत आता है। यहाँ की वार्षिक वर्षा 1261.20 मिमी. है। गर्मियों में तापमान 25 से 45 डिग्री तक रहता है, जबकि सर्दी में तापमान 10 से 25 डिग्री रहता है। जिले में मुख्य रूप से मध्यम गहरी काली मिट्टी में मुख्य पोषक तत्व नत्रजन, फास्फोरस का स्तर मध्यम एवं पोटाश का स्तर मध्यम से उच्च है। सूक्ष्म पोषक तत्वों में सल्फर, जिंक, लोहा व मैंगनीज़ की कमी परिलक्षित हुई है।

यहाँ खरीफ में लगभग 3.50 लाख हैक्टर तथा रबी में 3.56 लाख हैक्टर रकबे में खेती की जाती है। फसल सघनता 177 प्रतिशत है। सिंचित क्षेत्रफल 3.40 लाख हैक्टर है, जो कृषि योग्य रकबे का लगभग 86 प्रतिशत है।

खरीफ में मुख्य रूप से सोयाबीन, धान, अरहर एवं मक्का की खेती की जाती है, रबी में गेहूँ, चने की फसलें प्रमुखता से उगाई जाती है। जायद में मूंग फसल के अन्तर्गत निरंतर क्षेत्र विस्तार हो रहा है। सीहोर, आष्टा, इछावर विकासखण्ड के कृषकों द्वारा गुड़ बनाने के लिये गन्ने की खेती की जाती है। जिले मे उत्पादित शरबती गेहूँ की विशिष्‍ठ गुणवत्ता के कारण इसे देश में ही नही बल्कि विदेशों में भी पहचाना जाता हैं। जिले के बासमती धान की खुशबु भी धीरे-धीरे देश – विदेश मे फैलती जा रही है।

जिले में कृषि यंत्रीकरण तेजी से बढ़ रहा है, जो कृषि गतिविधियों के सम्पादन में सहायक है। कृषि यंत्रीकरण के सकारात्मक परिणाम, उत्पादकता वृद्धि के रूप में परिलक्षित हो रहे हैं। कृषि यंत्रीकरण को प्रोत्साहित करने के लिये 13 सरकारी / सहकारी कस्टम हायरिंग केन्द्रों स्थापित किये गये हैं।

दलहनी, तिलहनी व धान फसलों के अतिरिक्त जिले में उद्यानिकी फसलों की खेती को भी प्रोत्साहित किया जा रहा है। उघानिकी फसलों के अन्तर्गत मुख्य रूप से प्याज, लहसून, टमाटर, बैंगन, मिर्च, अदरक, गोभी कद्दूवर्गीय सब्जियाँ आदि उगाई जाती है। बागवानी में आम, अमरूद, संतरा, आंवला मुख्य फसलें हैं। कुछ क्षेत्रों में गेंदा, नवरंगा, गुलाब, आदि फूलों की खेती की जाती है। सब्जी, फल व फूलों का विक्रय भोपाल, इन्दौर व अन्य शहरों किया जाता है।

 

जिले में कुषि संस्‍थान : PDF (1 MB)

विभाग की योजनाएं : PDF (398 KB)